अक्टूबर २०२६
आरंभ: १:२७ पूर्वाह्न, २ अक्टू॰
समाप्ति: २:५७ पूर्वाह्न, २ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३० मि · सूर्योदय: ६:०५ पूर्वाह्न
सक्रिय नक्षत्र से व्युत्पन्न अमृतमयी शुभ काल, जो सफलता और समृद्धि के लिए श्रेष्ठ माना गया है।
स्थान: भारत
आरंभ: १:२७ पूर्वाह्न, २ अक्टू॰
समाप्ति: २:५७ पूर्वाह्न, २ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३० मि · सूर्योदय: ६:०५ पूर्वाह्न
आरंभ: १२:४० पूर्वाह्न, ३ अक्टू॰
समाप्ति: २:०९ पूर्वाह्न, ३ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३० मि · सूर्योदय: ६:०६ पूर्वाह्न
आरंभ: ७:२८ अपराह्न, ३ अक्टू॰
समाप्ति: ८:५८ अपराह्न, ३ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३० मि · सूर्योदय: ६:०६ पूर्वाह्न
आरंभ: १०:४२ अपराह्न, ४ अक्टू॰
समाप्ति: १२:१३ पूर्वाह्न, ५ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३१ मि · सूर्योदय: ६:०६ पूर्वाह्न
आरंभ: ८:५१ अपराह्न, ५ अक्टू॰
समाप्ति: १०:२३ अपराह्न, ५ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३२ मि · सूर्योदय: ६:०७ पूर्वाह्न
आरंभ: ४:०७ अपराह्न, ६ अक्टू॰
समाप्ति: ५:३९ अपराह्न, ६ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३३ मि · सूर्योदय: ६:०७ पूर्वाह्न
आरंभ: १:५२ अपराह्न, ७ अक्टू॰
समाप्ति: ३:२६ अपराह्न, ७ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३४ मि · सूर्योदय: ६:०७ पूर्वाह्न
आरंभ: ३:२५ अपराह्न, ८ अक्टू॰
समाप्ति: ४:५९ अपराह्न, ८ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३५ मि · सूर्योदय: ६:०८ पूर्वाह्न
आरंभ: २:५५ अपराह्न, ९ अक्टू॰
समाप्ति: ४:३१ अपराह्न, ९ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३६ मि · सूर्योदय: ६:०८ पूर्वाह्न
आरंभ: १२:४६ अपराह्न, १० अक्टू॰
समाप्ति: २:२३ अपराह्न, १० अक्टू॰
अवधि: १ घं ३८ मि · सूर्योदय: ६:०८ पूर्वाह्न
आरंभ: १:२६ अपराह्न, ११ अक्टू॰
समाप्ति: ३:०५ अपराह्न, ११ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३९ मि · सूर्योदय: ६:०९ पूर्वाह्न
आरंभ: १२:५३ अपराह्न, १२ अक्टू॰
समाप्ति: २:३४ अपराह्न, १२ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४१ मि · सूर्योदय: ६:०९ पूर्वाह्न
आरंभ: ४:१४ अपराह्न, १३ अक्टू॰
समाप्ति: ५:५७ अपराह्न, १३ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४३ मि · सूर्योदय: ६:०९ पूर्वाह्न
आरंभ: ९:०१ अपराह्न, १४ अक्टू॰
समाप्ति: १०:४६ अपराह्न, १४ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४५ मि · सूर्योदय: ६:१० पूर्वाह्न
आरंभ: १:२६ पूर्वाह्न, १६ अक्टू॰
समाप्ति: ३:१३ पूर्वाह्न, १६ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४७ मि · सूर्योदय: ६:१० पूर्वाह्न
आरंभ: २:३४ पूर्वाह्न, १७ अक्टू॰
समाप्ति: ४:२२ पूर्वाह्न, १७ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४८ मि · सूर्योदय: ६:११ पूर्वाह्न
आरंभ: ४:०० पूर्वाह्न, १९ अक्टू॰
समाप्ति: ५:४८ पूर्वाह्न, १९ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४७ मि · सूर्योदय: ६:११ पूर्वाह्न
आरंभ: ५:४२ पूर्वाह्न, २० अक्टू॰
समाप्ति: ७:२८ पूर्वाह्न, २० अक्टू॰
अवधि: १ घं ४६ मि · सूर्योदय: ६:१२ पूर्वाह्न
आरंभ: ११:१२ पूर्वाह्न, २१ अक्टू॰
समाप्ति: १२:५५ अपराह्न, २१ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४३ मि · सूर्योदय: ६:१३ पूर्वाह्न
आरंभ: ३:४८ अपराह्न, २२ अक्टू॰
समाप्ति: ५:२८ अपराह्न, २२ अक्टू॰
अवधि: १ घं ४० मि · सूर्योदय: ६:१३ पूर्वाह्न
आरंभ: ६:३७ अपराह्न, २३ अक्टू॰
समाप्ति: ८:१४ अपराह्न, २३ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३७ मि · सूर्योदय: ६:१४ पूर्वाह्न
आरंभ: १:२९ अपराह्न, २४ अक्टू॰
समाप्ति: ३:०३ अपराह्न, २४ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३४ मि · सूर्योदय: ६:१४ पूर्वाह्न
आरंभ: २:४७ अपराह्न, २५ अक्टू॰
समाप्ति: ४:१९ अपराह्न, २५ अक्टू॰
अवधि: १ घं ३१ मि · सूर्योदय: ६:१५ पूर्वाह्न
आरंभ: ३:२७ अपराह्न, २६ अक्टू॰
समाप्ति: ४:५६ अपराह्न, २६ अक्टू॰
अवधि: १ घं २९ मि · सूर्योदय: ६:१५ पूर्वाह्न
आरंभ: ५:२६ पूर्वाह्न, २८ अक्टू॰
समाप्ति: ६:५३ पूर्वाह्न, २८ अक्टू॰
अवधि: १ घं २७ मि · सूर्योदय: ६:१६ पूर्वाह्न
आरंभ: ८:१७ पूर्वाह्न, २९ अक्टू॰
समाप्ति: ९:४४ पूर्वाह्न, २९ अक्टू॰
अवधि: १ घं २७ मि · सूर्योदय: ६:१७ पूर्वाह्न
आरंभ: १:१७ पूर्वाह्न, ३१ अक्टू॰
समाप्ति: २:४६ पूर्वाह्न, ३१ अक्टू॰
अवधि: १ घं २९ मि · सूर्योदय: ६:१७ पूर्वाह्न
आरंभ: ४:०९ पूर्वाह्न, १ नव॰
समाप्ति: ५:३९ पूर्वाह्न, १ नव॰
अवधि: १ घं ३० मि · सूर्योदय: ६:१८ पूर्वाह्न
अमृत कालम (या अमृत काल) दैनिक नक्षत्र की संपूर्ण अवधि और उसकी विशिष्ट घटियों के आधार पर निर्धारित होने वाला अत्यंत मंगलकारी समय है। वैदिक ज्योतिष के अनुसार प्रत्येक नक्षत्र में अमृत तुल्य फलदायी अंश होता है, जिसे अमृत कालम कहा जाता है।
अमृत कालम की अवधि सामान्यतः ४ घटी (लगभग १ घंटा ३६ मिनट) होती है। यह काल सामान्य दोषों को निष्प्रभावी कर कार्यों में सिद्धि प्रदान करता है। नवीन व्यवसाय आरंभ, अनुबंध, यात्रा, औषध सेवन, गृह प्रवेश एवं मांगलिक कार्यों के लिए यह विशेष रूप से प्रशस्त है।
'अमृत' का अर्थ है अमरता का अमृत। २७ नक्षत्रों में से प्रत्येक में ४ घटी की एक निश्चित अमृत अवधि होती है, इसलिए इसका समय रोज़ बदलता है और किसी दिन यह होता ही नहीं। संस्कार, अनुबंध, चिकित्सा और यात्रा के लिए इसे प्राथमिकता दी जाती है।
अमृत कालम का समय उस दिन प्रभावी नक्षत्र के प्रारंभ और समाप्ति काल पर निर्भर करता है। जब दिन में नक्षत्र बदलता है, तो उसके अनुसार अमृत कालम की गणना भी खगोलीय रूप से स्वतः समायोजित होती है।
समय आपके चुने हुए स्थान के अनुसार निकाले गए हैं (जब तक आप कोई स्थान न चुनें, भारत के लिए)। अपने स्थान के पूरे दिन के लिए दैनिक पंचांग खोलें।