२८ भाद्रपद
विक्रम संवत २०८३ • कृष्ण पक्षचंद्र व सूर्य अवलोकन
खगोलीय गणना व मानपंचांग मुख्य तत्व
नीचे विवरण देखेंशुभ और अशुभ मुहूर्त
इस माह के पर्व एवं व्रत
९१२ हिन्दू चंद्र मास
अमान्त एवं पूर्णिमांत गणना चक्र
चैत्र (चैत्रः)
लगभग मार्च – अप्रैलवैदिक चंद्र वर्ष का प्रथम मास। हिन्दू नववर्ष (चैत्र नवरात्रि, गुड़ी पड़वा, उगादी) एवं राम नवमी का पावन काल।
वैशाख (वैशाखः)
लगभग अप्रैल – मईदान एवं जल सेवा का परम पावन मास। अक्षय तृतीया, नृसिंह जयंती और बुद्ध पूर्णिमा का उत्सव काल।
ज्येष्ठ (ज्येष्ठः)
लगभग मई – जूनगंगा दशहरा, निर्जला एकादशी और वट सावित्री पूर्णिमा का प्रमुख व्रत काल।
आषाढ़ (आषाढः)
लगभग जून – जुलाईदेवशयनी एकादशी से चातुर्मास का आरंभ। जगन्नाथ रथयात्रा व गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व।
श्रावण (श्रावणः)
लगभग जुलाई – अगस्तभगवान शिव की आराधना का परम प्रिय मास। श्रावण सोमवार, नाग पंचमी, रक्षाबंधन एवं श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का महोत्सव।
भाद्रपद (भाद्रपदः)
लगभग अगस्त – सितम्बरगणेश चतुर्थी, राधा अष्टमी, अनंत चतुर्दशी एवं पितृ पक्ष श्राद्ध का पावन मास।
आश्विन (आश्विनः)
लगभग सितम्बर – अक्टूबरशारदीय नवरात्रि, दुर्गा पूजा, विजयादशमी (दशहरा), शरद पूर्णिमा एवं करवा चौथ।
कार्तिक (कार्तिकः)
लगभग अक्टूबर – नवम्बरदीपोत्सव: धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज, छठ पूजा, देवउठनी एकादशी व तुलसी विवाह।
मार्गशीर्ष (मार्गशीर्षः)
लगभग नवम्बर – दिसम्बरगीता में भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अपना स्वरूप बताया गया मास। गीता जयंती, मोक्षदा एकादशी और दत्तात्रेय जयंती।
पौष (पौषः)
लगभग दिसम्बर – जनवरीसूर्य उपासना का पावन मास। मकर संक्रांति (पोंगल/उत्तरायण), पुत्रदा एकादशी एवं शाकम्भरी पूर्णिमा।
माघ (माघः)
लगभग जनवरी – फ़रवरीपवित्र तीर्थ स्नान का पावन मास। वसंत पंचमी (सरस्वती पूजा), रथ सप्तमी और माघ पूर्णिमा।
फाल्गुन (फाल्गुनः)
लगभग फ़रवरी – मार्चहिन्दू चंद्र वर्ष का अंतिम मास। महाशिवरात्रि, होलिका दहन एवं रंगोत्सव (होली/दोल यात्रा) का आनंदमय काल।
