३० तिथियाँशुक्ल पक्ष
१५

पूर्णिमा

पूर्णिमा वैदिक पंचांग की पवित्र १५वीं तिथि है। इसके अधिष्ठाता देव चंद्र देव व भगवान सत्यनारायण हैं और प्रकृति सम्पूर्ण (परिपूर्णता व संतुष्टि) मानी गई है।

पूर्णिमा
अधिष्ठाता देवताचंद्र देव व भगवान सत्यनारायण
प्रकृतिसम्पूर्ण (परिपूर्णता व संतुष्टि)
धार्मिक महत्व

वैदिक ज्योतिष में पूर्णिमा तिथि को आध्यात्मिक साधना, व्रत और शुभ संकल्पों के लिए परम फलदायी माना गया है।

शुभ / अनुकूल
  • •चंद्र देव व भगवान सत्यनारायण की पूजा, आराधना और ध्यान
  • •धार्मिक अध्ययन और सत्संग
  • •सदाचार और परोपकारी कार्यों का आरंभ
प्रतिकूल
  • •अधार्मिक एवं नकारात्मक कार्य
  • •क्रोध और व्यर्थ वाद-विवाद