३ नवंबर•कृष्ण पक्ष नवमी

नवरात्रि प्रारंभ

नवरात्रि प्रारंभ

यह नवरात्रि का एक दिन है, देवी की उपासना की नौ रातों में से।

मुख्य आराध्य देवदेवी माँ
श्रेणीप्रमुख पर्व

महत्व एवं आध्यात्मिक रहस्य

आध्यात्मिक महत्व, दार्शनिक भाव एवं सनातन मूल्य

महत्व एवं आध्यात्मिक रहस्य

यह नवरात्रि का एक दिन है, देवी की उपासना की नौ रातों में से।

आध्यात्मिक महत्व, दार्शनिक भाव एवं सनातन मूल्य

घटस्थापना से नौ रातें आरंभ होती हैं; सप्तमी, अष्टमी और नवमी प्रमुख दिन हैं; अंतिम दिनों में सरस्वती का आह्वान और पूजन होता है; और विसर्जन में प्रतिमा के विसर्जन से उत्सव पूर्ण होता है।

प्रमुख विधि एवं अनुष्ठान

स्टेप-बाय-स्टेप पूजा विधि एवं आचरण

  1. १चरण १

    दीप, फूल और दुर्गा सप्तशती से देवी की पूजा।

  2. २चरण २

    नौ दिनों का या अष्टमी-नवमी का उपवास।

  3. ३चरण ३

    कई स्थानों पर गरबा, डांडिया और कन्या पूजन।

प्रधान देवता एवं पवित्र मंत्र

देवी माँ • कल्याणकारी वैदिक एवं पौराणिक मंत्र संग्रह

१

देवी माँ · मंत्र

ॐ दुं दुर्गायै नमः ॥

भावार्थ

देवी माँ को नमन।

108 जपपवित्र मंत्र