वर्तमान चयनित तारीखगुरुवार, 8 अक्टूबर 2026 • भाद्रपद (कृष्ण पक्ष)
२७ नक्षत्र मंडल
२५
पूर्वाभाद्रपद
पूर्वाभाद्रपद भचक्र का २५वाँ नक्षत्र है। इसके अधिपति देव अज एकपाद (दिव्य अग्नि स्वरूप) और स्वामी ग्रह बृहस्पति (गुरु) हैं।
अधिष्ठाता देवताअज एकपाद (दिव्य अग्नि स्वरूप)
स्वामी ग्रहबृहस्पति (गुरु)
प्रकृतिउग्र / क्रूर (तेजस्वी व दृढ़)
तत्वAir / Water
प्रतीकतलवार / दिव्य चाप
धार्मिक महत्व
पूर्वाभाद्रपद नक्षत्र में किए गए कार्य दीर्घकालिक स्थिरता और आत्मिक बल प्रदान करते हैं।
शुभ / अनुकूल
- •अज एकपाद (दिव्य अग्नि स्वरूप) की उपासना और मंत्र जाप
- •सकारात्मक और रचनात्मक कार्यों की शुरुआत
- •अध्ययन, ज्ञानार्जन और चिंतन
प्रतिकूल
- •अनैतिक और अनुचित आचरण
- •अशांति फैलाने वाले कार्य
