# धनिष्ठा

> धनिष्ठा का अर्थ और हिंदू पंचांग में पारंपरिक महत्व जानें। पंचांग की गणना और कैलेंडर में इसके स्थान की जानकारी पढ़ें।

Source: https://www.hinducalendar.today/hi/panchang/nakshatra/dhanishta

२७ नक्षत्र मंडल

२३

धनिष्ठा भचक्र का २३वाँ नक्षत्र है। इसके अधिपति देव अष्ट वसु (समृद्धि के देवता) और स्वामी ग्रह मंगल हैं।

अधिष्ठाता देवता अष्ट वसु (समृद्धि के देवता)

स्वामी ग्रह मंगल

प्रकृति चर / चल (लयबद्ध व समृद्ध)

तत्व पृथ्वी व वायु तत्त्व

प्रतीक मृदंग / डमरू

शुभ / अनुकूल

- यात्राएँ
- वाहनों, घोड़ों और हाथियों की सवारी
- गति की आवश्यकता वाला कोई भी कार्य

प्रतिकूल

- विवाह के लिए शुभ माने गए नक्षत्रों में नहीं है।
- गृह प्रवेश के लिए शुभ माने गए नक्षत्रों में नहीं है।
